छिंदवाड़ा । समाज मे आज भी बेटी की अपेक्षा बैटा की प्राथमिकता पर बल दिया जा रहा हे परिवार मे बेटी का जन्म ना हो इस हेतू प्रसव केंद्रों मे अल्ट्रा सोनो ग्राफी मशीन के माध्यम से गर्भ मे लिंग निर्धारित की सहज उपलब्धता इस समस्या को ओर भी बढा़वा दिया हे ।गर्भवती महिला के भ्रूण की जांच के दोरान बेटी के होने पर भ्रूणहत्या कर जघन्य अपराध कर रहे हे । बेटी का जीवन मे कितना महत्व हे इस विषय की जानकारी देने , बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना अंतर्गत जिला कार्यक्रम अधिकारी बृजेश कुमार शिवहरे के मार्गदर्शन में जन जागरूकता कार्यक्रम स्थानीय कन्या हा.स्कूल भर्तादेव चंदनगांव मे महिला एवं बाल विकास विभाग छिंदवाड़ा के कर्मचारियों एवं प्राचार्य माधुरी बैस , साधना मिश्रा,की उपस्थिति मे किया गया । इस अवसर पर मास्टर ट्रेनर श्यामल राव ने छात्रो को सम्बोधित करते हुए बताया की बेटीयो के लिंगानुपात के अंतर मे कमी आये जिसके लिए बेटीयो को बचाने किशोरियों को प्रशिक्षण देकर सशक्त करने का कार्य किया जा रहा हे ताकि विवाह उपरांत जीवन जीने का अधिकार का उपयोग कर स्वंय की सुरक्षा के साथ जन्मे बेटी का जीवन सुरक्षित कर सके जिससे की जिले के लिंगानुपात मे कमी लाई जा सके । इस दौरान छात्रो को समाज मे जागरूकता लाने नाबालिग बच्चों एवं परिजनों को बेटी बचाओ बेटी पढाओ की कल्पना को साकार करने निरंतर आमजनों को प्रेरित करे साथ ही बच्चों के साथ हो रहे शोषण रोकने के लिये पाक्सो एक्ट, बेड टच गुड टच, ओर महिला सुरक्षा कानून का अधिक से अधिक प्रचार प्रसार करने के लिए कहा जिससे महिला एवं नाबालिग बालक अपने आपको सुरक्षित महसूस कर अच्छी शिक्षा के साथ अच्छा केरियर बना सके । आयोजित प्रशिक्षण को सफल बनाने मे कन्या शाला की प्राचार्य एम बैस,शिक्षक साधना मिश्रा प्रेमवती उईके, कल्पना करमरकर, सुनील पवार,पराग कटारे,एम पी मानमोड़े महिला एवं बाल विकास विभाग से शैलेंद्र शुक्ला, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता रीता मंडराह का सहयोग रहा।













